Business start kaise kare – स्टार्टअप कैसे करें?

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1 What is startup in India (Hindi) – Startup kya hai – स्टार्टअप क्या है?
2 How to start a startup in India (Hindi) – Startup/Business kaise shuru kare – स्टार्टअप कैसे करें?
3 How to register startup in India – Startup ko register kaise kare – स्टार्टअप को रिजिस्टर कैसे करे?
4 Benefits of startup India in Hindi – Startup ke fayde – स्टार्टअप के फायदे

स्टार्टअप (Business Startup) क्या होता है?

एक स्टार्टअप (Startup) एक नया स्थापित व्यवसाय या कंपनी या प्रोजेक्ट होता है जो किसी एक उद्यमी द्वारा शुरू किया जाता है, जिसे उस उद्यमी द्वारा अपने आइडिया पर काम करके एक स्केलेबल बिजनेस मॉडल यानी एक बड़ा व्यवसाय बनाने की कोशिश की जाती है।

जब कोई कम्पनी अपने संचालन के शुरुवाती स्टेज पर होती है, तो उसे Startup Company कहा जाता है, जिसे एक या एक से अधिक लोग एक साथ मिलकर शुरू करते है, उनको उद्यमी (entrepreneur) कहा जाता है, और किसी कम्पनी व व्यवसाय की शुरुवात को Startup कहा जाता है।

कम निवेश से छोटा बिज़नेस कैसे शुरू करे?
बिज़नेस स्टार्टअप के लिए लोन कैसे प्राप्त करे?

हर स्टार्टअप की शुरुवात अच्छी स्किल्स और विशेषज्ञता के आधार पर की जाती है, जिसमे किसी एक बिज़नेस आईडिया पर काम किया जाता है, और जिसका मकसद कंस्यूमर्स/कस्टमर्स को एक यूनिक प्रोडक्ट/उत्पाद व सर्विस प्रदान करना होता है, किसी नए स्टार्टअप में एक अच्छे मार्केट पोटेंशियल/ क्षमता वाले प्रोडक्ट/ उत्पाद व सर्विस को मार्केट में लाया जाता है।

Business startup kaise shuru kare

कुछ बुनियादी फैक्टर्स हैं जो हर तरह के बिज़नेस स्टार्टअप में काम करते हैं, जैसे आईडिया, रणनीति, निवेश, ट्रेंड्स, योजना-प्लानिंग, संसाधन, टीमवर्क, उत्पाद, सर्विस आदि।

Startup kaise kare – स्टार्टअप कैसे शुरु/स्टार्ट करे?

यदि किसी को लगता है कि खुद का बिज़नेस स्टार्टअप शुरू करना और उसको चलाना एक आसान मिशन है, तो ऐसा नहीं है, यह बहुत ही कठिन काम है, इसमें कड़ी मेहनत, समर्पण, पैसा, कुछ रातों की नींद, सफल होने से पहले असफलता का सामना आदि सब का निवेश करना पड़ता है।

यहाँ किसी बिज़नेस स्टार्टअप को शुरू करने कि रूपरेखा पर विस्तार बताई गयी, ताकि आपके पास नए व्यवसाय शुरू करने की बेहतर समझ हो, आप अपनी स्टार्टअप कंपनी को स्टार्ट करने के लिए इस गाइड का इस्तेमाल कर सकते हैं।

व्यवसाय योजना बनाएं (Business Plan)

आपके पास एक बिज़नेस आईडिया होना एक बात है, लेकिन एक बेहतरीन व्यवसाय योजना / बिज़नेस प्लान बनाना अलग बात है, एक सम्पूर्ण बिज़नेस योजना बनाकर कम्पनी शुरू करने वाले लोग ऋण/लोन लेकर पूंजी का निवेश करते है, एक उचित बिज़नेस प्लान आपको एक महत्वपूर्ण लाभ प्रदान करता है।

बिज़नेस प्लान आपकी कंपनी के भविष्य का एक लिखित विवरण होता है, जिसमे यह रेखांकित किया जाता हैं कि आप क्या करना चाहते हैं और कैसे करना चाहते हैं। आमतौर पर, बिज़नेस प्लान में आपकी व्यावसायिक रणनीति के शुरुवाती 3 से 5 वर्षों की रूपरेखा तैयार की जाती हैं, यह व्यवसाय करने की सूची में सबसे पहला व जरुरी कदम होता है, क्योंकि आप इसका उपयोग बाकी सभी चरणों में आपकी सहायता करता है।

उचित धनराशि सुरक्षित करो (Secure Funding)

सभी व्यावसायिक योजनाओं या बिज़नेस प्लान्स में एक वित्तीय योजना / फाइनेंस प्लान आमतौर पर शामिल किया जाता है। जिसके कुछ चीज़े होती है जैसे – बैलेंस शीट, बिक्री का पूर्वानुमान, लाभ और हानि अनुमानित विवरण, नकदी प्रवाह विवरण / कॅश-फ्लो स्टेटमेंट्स आदि।

बिज़नेस स्टार्टअप की लागत हर उद्योग में अलग-अलग होती है, इसलिए कंपनी को स्थिति के आधार पर काम या ज्यादा धन की आवश्यकता हो सकती है। बैंक से लोन लेने के अलावा कुछ लोग जैसे आपके दोस्त, आपका परिवार, angle इन्वेस्टर, बड़ी कम्पनिया आपके स्टार्टअप में निवेश का माध्यम बन सकते है।

जब आपको एक अच्छा निवेशक मिल जाता हैं, तो आपको अपने बिज़नेस आईडिया को को जल्दी से और प्रभावी ढंग से एक्सेक्यूटे करना होता है। एक बार जब आप स्टार्टअप के लिए उपयुक्त फंडिंग सुरक्षित कर लेते हैं, तो आप अपनी कंपनी को लॉन्च करने के अगले चरण पर आगे बढ़ सकते हैं।  

अच्छी टीम बनाओ (Good Team)

ज्यादातर स्टार्टअप कंपनिया एक छोटी टीम ही रखती है, कभी-कभी बिज़नेस के आकार पर भी टीम की साइज तय करनी होती है, टीम बनाने से भी पहले आपको अपना व्यावसायिक नाम पंजीकृत करवा लेना चाहिए। 

बिज़नेस स्टार्टअप में आपको किन-किन लोगो की ज़रूरत है उसकी लिस्ट तैयार करे और फिर स्किल्ड टीम मेंबर्स की तलाश शुरू करे, किसी भी व्यवसाय के लिए एक अच्छी टीम का होना नए स्टार्टअप की सफलता के लिए बेहद जरूरी होता है। ऐसे लोगो को अपने साथ काम पर रखे, जो अपने काम को बहुत ही आनंद से करे, सिर्फ पैसो के लिए काम करने वाले लोगो कुछ भी बेहतरी नहीं ला सकते है।

सबसे जरुरी किसी भरोसेमंद व स्किल्ड व्यक्ति को अपना सहयोगी / co-फाउंडर बनाये ताकि आप काम को बाँट पाए और किसी भी प्रकार की गलती से बच पाए, इसके अलावा हर कर्मचारी को एक निशिचित समय सीमा के तहत अलग -अलग टास्क देकर उनसे काम करवाया जाये, अकेला व्यक्ति किसी भी स्टार्टअप को बड़ा नहीं कर सकता है, इसके लिए टीम वर्क बहुत ही जरुरी होता है।

व्यावसायिक स्थान खोजें (Business Location)

हर बिज़नेस स्टार्टअप कंपनी को एक स्पेस/जगह/लोकेशन की आवश्यकता होती है, वह एक कार्यालय हो सकता है, कोई खुदरा स्थान हो सकता है, या एक विनिर्माण स्थान हो सकता है, यानि अपने व्यवसाय को संचालित करने के लिए एक संपत्ति खरीदने या किराये पर देने की आवश्यकता होती है।

मार्केटिंग विशेषज्ञ बनो (Marketing Expert)

यदि आप अच्छे मार्केटिंग विशेषज्ञ नहीं हैं, तो स्टार्टअप को मार्किट में लाने के लिए मार्केटिंग कैसे करते है, के बारे में सबकुछ सीखना पड़ेगा, आपके पास दुनिया का सबसे अच्छा उत्पाद या सेवा हो सकती है, लेकिन इसके बारे में किसी को पता ही नहीं होगा तो आपका स्टार्टअप सफल कैसे होगा। इसलिए हर व्यवसायी का मार्केटिंग विशेषज्ञ होना भी बहुत जरुरी है।

ग्राहक बनाओ (Customer Base)

अच्छे उत्पाद व सर्विस देने के साथ ही आपको ऐसा कुछ करना चाहिए की एक बार जो ग्राहक आपके पास आ जाये तो अगली बार वो कही और न जाये, अपनी एक वेबसाइट शुरू करो, अपनी डिजिटल उपस्थिति बढ़ावो और एक प्रभावी इमेज बनाना बहुत जरुरी हैं।

ग्राहक और ग्राहक सेवा आपकी मुख्य प्राथमिकता होना जरुरी है क्योकि ग्राहक ही आपके व्यवसाय की जीवन रेखा हैं, एक बार जब आप एक स्थिर ग्राहक बेस बना लेते हैं, तो आप इसे अपने व्यवसाय से लगातार लाभ प्राप्त करने के लिए उपयोग कर सकते हैं।

हर चुनौती के लिए तैयार रहो (Prepare for anything)

अपनी स्टार्टअप कंपनी लॉन्च करना आसान नहीं होता है, इस रास्ते में आपको कई बाधाओं का सामना करना पड़ता है। कुछ गलत होने पर आप हतोत्साहित नहीं हो सकते। स्टार्टअप कंपनी को लॉन्च करने के दौरान आने वाली कठिनाइयों से आपको आगे की कठिन चुनौतियों के लिए हमेशा तैयार रहने की जरुरत होती है।

Startup register kaise kare – स्टार्टअप को रजिस्टर कैसे करे?

भारत में अपनी स्टार्टअप कम्पनी को पंजीकृत करने के लिए निचे बताये गए प्रमुख स्टेप्स लेने पड़ते है –

  • डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र (DSC) प्राप्त करें
  • निदेशक पहचान संख्या (DIN) प्राप्त करें 
  • गुड्स एंड सर्विस टैक्स नंबर (GST Number) प्राप्त करे
  • MCA (Ministry of Corporate Affairs) पोर्टल पर एक खाता बनाएं – नया उपयोगकर्ता पंजीकरण @ mca.gov.in
  • पंजीकृत होने के लिए कंपनी को शामिल या लागू करें

बिज़नेस स्टार्टअप के लिए कौनसे डॉक्यूमेंट्स चाहिए ?

स्टार्टअप रजिस्टर कैसे करे, और अधिक जानने के लिए यहाँ क्लिक करे – Click Here

स्टार्टअप के फायदे क्या – क्या है?

एक बिज़नेस स्टार्टअप एक आम व्यापार या व्यवसाय से थोड़ा अलग होता है, क्योकि इसमें नयी सोच वाले पढ़े लिखे लोग एक साथ किसी एक आईडिया पर काम करते है, और इनका काम करने का तरीका बहुत ही अलग तरीके का होता है, स्टार्टअप के कई सारे फायदे होते है, जैसे –

  • विकास वृद्धि (Growth) की बात की जाये तो स्टार्टअप में काम करने वाले एम्प्लोयी सिर्फ पैसो के लिए या अपनी सैलरी वेतन के लिए काम नहीं करते है, इसमें लोग कुछ नया सीखने, आगे बढ़ने, नयी चुनौतियों पर काम करने, खुद की स्किल व काम का अनुभव बढ़ाने के लिए एकजुट होकर काम करते है।
  • एक स्टार्टअप कंपनी में सभी कर्मचारी/एम्प्लोयी अपने करियर में नए स्किल्स को सीखते हुए बहुत ही कौशलपूर्वक अपने टास्क को पूरा करते है, तो इससे उनमे एक लीडरशिप वाली क्वालिटीज़ डेवलप होती है जो उनको करियर में और बेहतर सफलता प्राप्त करने मदद करता है।
  • सभी स्टार्टअप्स में कर्मचारियों को हर तरह की आजादी होती है, उनपे किसी तरह का काम का दबाव नहीं होता है और वे अपनी मर्जी से काम, आराम से काम करते है, जिससे बिज़नेस स्टार्टअप की प्रोडक्टिविटी/ उत्पादकता में बढ़ोतरी होता है।
  • स्टार्टअप कम्पनी अपने कर्मचारियों को सैलरी के साथ-साथ कंपनी में स्टॉक्स के ज़रिये कम्पनी में हिस्सेदार बनाती है, इससे एम्प्लोयी एक कंपनी ओनर की तरह पूरी निष्ठा से काम करते है।
  • स्टार्टअप कम्पनी में कम्पनी के सीईओ से मिलना बहुत ही आसान होता है, स्टार्टअप्स डिसिशन मेकिंग प्रोसेस के तहत एक साथ मिल जुलकर किसी प्रोजेक्ट्स व टास्क पर काम करते है।
  • जब बिज़नेस स्टार्टअप सफलता की तरफ आगे बढ़ता है तो आपकी कम्पनी में भागीदारी के लिए नए इन्वेस्टर्स आपके पास आने लगते है, जिससे बिज़नेस स्टार्टअप की वैल्यूएशन बढ़ती जाती है।

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